औदीच्य बंधू डिजिटल पत्रिका प्रकाशित होना चाहिए?

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Features of an auspicious bride- विवाह के रंग-जीवन के संग

विवाह के रंग-जीवन के संग
Uddhav Joshi                    
भारतीय समाज में विवाह कब से प्रारम्भ हुए और किसने किया इसका विचार करने पर पहला उदाहरण उद्दालक के पुत्र श्वेतकेतु का मिलता है। जब श्वेतकेतु की माता जबाला अपने इस बालक के लिए भोजन बना रही थी, जब एक शक्तिशाली व्यक्ति आया और उन्हे बलात अपनी वासनापूर्ति के लिए ले गया। बालक के मन पर इस घटना का गहरा प्रभाव पडा! वयस्क होने पर वह एक महान ऋषि बना और उसने समाज में विवाह नामक संस्था की नीव रखी! यह कथा पुरा वैदिक है, परन्तु निश्चित ही यह विवाह संस्था के विकास पर प्रकाश डालती है!
हिन्दू समाज में विवाह को एक पवित्र संस्कार के रूप में माना